नर्मदापुरम स्थित प्रतिभूति कागज कारखाने या सिक्योरिटी पेपर मिल (SPM) में हाल ही में एक बड़ी तकनीकी उपलब्धि हासिल हुई है। इस कारखाने में अब अत्याधुनिक सिलेंडर मोल्ड वेट-मेड वाटरमार्क बैंक नोट (CWM-BN) पेपर मैन्युफैक्चरिंग लाइन की स्थापना की जा रही है, जिससे उत्पादन क्षमता को नए स्तर तक बढ़ाया जाएगा। इस लाइन के संचालन के बाद कारखाने की वार्षिक उत्पादन क्षमता लगभग 6000 मीट्रिक टन तक पहुँच जाएगी।

पीएम-6 मशीन की विशेषताएं और महत्व
नर्मदापुरम में लगी पीएम-6 मशीन उच्चतम तकनीकी मानकों पर आधारित है। यह मशीन सिलेंडर मोल्ड तकनीक का उपयोग करती है, जिससे बैंक नोट के लिए आवश्यक सुरक्षा कागज तैयार किया जाता है। इसके साथ ही वेट-मेड वाटरमार्क तकनीक का उपयोग भी किया जाएगा, जिससे नोट में सुरक्षा और मजबूती दोनों बढ़ेंगे। इस नई मशीन से न केवल उत्पादन की मात्रा में वृद्धि होगी, बल्कि कागज की गुणवत्ता भी अत्यंत उच्च स्तर की रहेगी।
PM-6 मशीन की विशेषताएं इसे अन्य पुराने उपकरणों से अलग बनाती हैं। यह मशीन नोट कागज की मोटाई, वजन, और वाटरमार्क की स्पष्टता पर पूर्ण नियंत्रण रखती है। इससे नोट की सुरक्षा बढ़ती है और फॉरजरी या नकली नोट बनाने की संभावना कम हो जाती है।
उत्पादन में वृद्धि और देश की अर्थव्यवस्था पर प्रभाव
SPM में इस मशीन के लगने के बाद उत्पादन में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। वर्तमान में जिस गति से बैंक नोट के लिए कागज तैयार होता है, उस तुलना में यह मशीन प्रति वर्ष 6000 मीट्रिक टन कागज का उत्पादन करने में सक्षम होगी। यह वृद्धि केंद्रीय बैंक और नोट प्रिंटिंग संस्थानों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।
बढ़ी हुई उत्पादन क्षमता से न केवल देश में नोट की मांग को समय पर पूरा किया जा सकेगा, बल्कि नोट की गुणवत्ता और सुरक्षा में भी सुधार होगा। विशेष रूप से डिजिटल लेनदेन और नकली नोट पर काबू पाने के युग में इस तकनीकी उन्नयन का महत्व और भी बढ़ गया है।
नर्मदापुरम का औद्योगिक महत्व
नर्मदापुरम में स्थित यह सिक्योरिटी पेपर मिल देश के नोट प्रिंटिंग और सिक्योरिटी पेपर उत्पादन के क्षेत्र में अग्रणी स्थान रखती है। यह मिल न केवल सरकारी नोट प्रिंटिंग संस्थानों को कागज उपलब्ध कराती है, बल्कि अन्य सुरक्षा कागज की जरूरतों को भी पूरा करती है।
नर्मदापुरम की यह तकनीकी उन्नति क्षेत्र के औद्योगिक विकास में भी योगदान देगी। स्थानीय रोजगार में वृद्धि, तकनीकी विशेषज्ञों की नियुक्ति, और सप्लाई चेन में नए अवसर इसके सकारात्मक परिणाम होंगे।
तकनीकी उन्नयन से सुरक्षा बढ़ी
PM-6 मशीन के लगने से नोट के कागज में सुरक्षा फीचर्स को और सुदृढ़ किया जा सकेगा। वेट-मेड वाटरमार्क तकनीक की मदद से नोट में अद्वितीय सुरक्षा चिह्न बनाए जा सकते हैं, जो नकली नोट बनाने वालों के लिए चुनौतीपूर्ण होंगे। इसके साथ ही उत्पादन प्रक्रिया की मॉनिटरिंग भी बेहतर होगी, जिससे नोट की गुणवत्ता पर पूर्ण नियंत्रण रखा जा सकेगा।
भविष्य की योजनाएँ
सिक्योरिटी पेपर मिल के अधिकारियों का कहना है कि भविष्य में और अधिक आधुनिक उपकरण लगाने की योजना है। इसका उद्देश्य उत्पादन में स्थिरता बनाए रखना, गुणवत्ता सुधारना और देश की नोट आपूर्ति सुनिश्चित करना है। इसके अलावा तकनीकी कर्मचारियों और इंजीनियरों के प्रशिक्षण पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
देश की नोट अर्थव्यवस्था में योगदान
इस उन्नयन से न केवल बैंक नोट की उपलब्धता बढ़ेगी, बल्कि नकली नोट और वित्तीय अपराध पर भी काबू पाया जा सकेगा। यह तकनीकी सुधार देश की नोट अर्थव्यवस्था को मजबूत करेगा और वित्तीय लेनदेन को और सुरक्षित बनाएगा।
नर्मदापुरम में लगी यह अत्याधुनिक पीएम-6 मशीन देश की नोट प्रिंटिंग क्षमता और सुरक्षा स्तर को नए मानकों तक पहुंचाएगी। भविष्य में इसके व्यापक उपयोग से देश की मुद्रा प्रणाली और भी सुरक्षित और प्रभावी बनेगी।
