भोपाल की शांत झीलें, पुराने शहर की साहित्यिक धड़कन, और आधुनिक कला के उभरते स्वर हमेशा से राजधानी की पहचान रहे हैं। जनवरी 2025 में इन्हीं धड़कनों को एक बार फिर जीवित करने की तैयारी लगभग पूर्ण हो चुकी है। अगले वर्ष 9 जनवरी से प्रतिष्ठित भोपाल लिटरेचर एंड आर्ट फेस्टिवल (BLF) का आठवां संस्करण आयोजित होने वाला है, और इस बार यह उत्सव केवल साहित्य और कला का नहीं बल्कि युवा ऊर्जा, नवोन्मेष और रचनात्मकता का भी मंच बनने जा रहा है।

शहर की सांस्कृतिक धारा में यह उत्सव वर्षों से एक महत्वपूर्ण स्थान रखता है। इसकी स्थापना का उद्देश्य न केवल साहित्य और कला के विविध आयामों को एक छत के नीचे लाना रहा है, बल्कि उन नवोदित प्रतिभाओं को मंच देना भी रहा है जो अपने शब्दों और कला से दुनिया को देखने का नया नजरिया देती हैं। 2025 का आयोजन इस दृष्टि से और भी महत्वपूर्ण होने वाला है, क्योंकि इसमें युवाओं के लिए एक बेहद प्रतीक्षित प्रतियोगिता की घोषणा की गई है—बीएलएफ–मंजुल पोएट्री राइटिंग कॉन्टेस्ट।
युवाओं के लिए कविता लेखन प्रतियोगिता: अवसर जो बदल सकता है भविष्य
हर वर्ष की तरह इस बार भी यह प्रतियोगिता छात्रों और युवा रचनाकारों में साहित्यिक चेतना को बढ़ावा देने का महत्वपूर्ण माध्यम बनेगी। इस प्रतियोगिता का लक्ष्य केवल कविता लिखवाना नहीं है, बल्कि उन्हें राष्ट्र, समाज और मानवीय संवेदनाओं से जोड़ने वाली रचनात्मकता को उजागर करना है। आयोजकों के अनुसार, यह प्रतियोगिता न केवल छात्रों को लिखने के लिए प्रेरित करती है बल्कि उन्हें यह अहसास भी कराती है कि उनके शब्दों में समाज को प्रभावित करने की शक्ति है।
मंजुल पोएट्री कॉन्टेस्ट का नाम भारत के प्रसिद्ध गीतकार और लेखक मंजुल के सम्मान में रखा गया है। मंजुल का साहित्यिक योगदान भारतीय लेखन परिदृश्य में अमिट है। उनकी रचनाओं में संवेदनाओं की गहराई और सामाजिक चेतना का अद्भुत संतुलन देखने को मिलता है। यही कारण है कि इस प्रतियोगिता के माध्यम से आयोजक चाहते हैं कि युवा अपने भीतर की संवेदनाओं को शब्दों में ढालें, उन्हें दिशा दें और एक बड़े मंच तक पहुँचाएँ।
कविता लेखन में भागीदारी का बढ़ता उत्साह
बीते वर्षों में इस प्रतियोगिता ने हजारों नए लेखकों को जन्म दिया है। कई ऐसे छात्र, जिन्होंने पहली बार कविता लिखने का साहस इस प्रतियोगिता के कारण किया था, आज साहित्य की दुनिया में अपनी पहचान बना रहे हैं। BLF के आयोजक बताते हैं कि उन्हें इस बात का विशेष गर्व है कि प्रतियोगिता से जुड़े कई युवा अब किताबें, ब्लॉग और साहित्यिक मंचों पर सक्रिय रूप से लिख रहे हैं।
प्रतियोगिता के लिए सहमत विषयों में राष्ट्र, प्रकृति, संवेदना, बदलाव, और समाज के मौजूदा मुद्दे शामिल होंगे। हालांकि आयोजक मानते हैं कि कविता किसी बंधन में नहीं बंध सकती और यदि कोई प्रतिभागी विषय से हटकर कुछ लिखना चाहता है, लेकिन उसका भाव सार्थक और प्रभावी है, तो उसे भी पूरा सम्मान मिलेगा।
उत्सव में कला और साहित्य का गहरा मेल
BLF का उद्देश्य केवल लिखित साहित्य तक सीमित नहीं है। यह उत्सव कला की विभिन्न विधाओं को भी समान महत्व देता है। पेंटिंग्स, इंस्टालेशन आर्ट, थिएटर, लोक कलाएँ, फोटोग्राफी, संगीत और नृत्य—यहाँ सब कुछ एक ही विशाल मंच पर अपनी जगह प्राप्त करता है। ऐसे आयोजनों से न केवल कलाकारों को अपने काम को प्रदर्शित करने का अवसर मिलता है, बल्कि दर्शकों को भारतीय कला की विविधता के दर्शन भी होते हैं।
उत्सव में देशभर से अनेक लेखक, कवि, उपन्यासकार, नाटककार, रंगकर्मी, विचारक और कलाकार भाग लेते हैं। साहित्यिक चर्चाएँ, संवाद, मंचीय काव्यपाठ, पुस्तक विमोचन, वर्कशॉप और युवा–केंद्रित गतिविधियाँ यहाँ आने वालों को बौद्धिक रूप से समृद्ध करती हैं।
भोपाल और साहित्य का अनोखा रिश्ता
भोपाल सदियों से भारत की साहित्यिक विरासत में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता आया है। यहाँ की रचनात्मक ऊर्जा केवल किताबों में नहीं, बल्कि गलियों, चौपालों, चाय की दुकानों, विश्वविद्यालयों और कला दीर्घाओं में भी महसूस की जा सकती है। शहर का सांस्कृतिक ताना–बाना साहित्य को सांसों की तरह अपने भीतर समेटे हुए है। इसलिए यहाँ हर साहित्यिक आयोजन केवल कार्यक्रम नहीं बल्कि एक उत्सव की तरह मनाया जाता है।
BLF इस धारा को और भी व्यापक बनाता है। यह उन युवा मनों के लिए आशा का दीपक है जो अपने भीतर छुपी प्रतिभा को प्रकाश में लाना चाहते हैं। कविता लेखन प्रतियोगिता इसकी आत्मा है, जो हर वर्ष नई संवेदनाओं को जन्म देती है।
प्रतिभागियों के लिए महत्वपूर्ण जानकारी
प्रतियोगिता 9 जनवरी 2025 से शुरू होने वाले उत्सव के दौरान आयोजित की जाएगी। स्कूलों, कॉलेजों और विश्वविद्यालयों को पहले ही सूचना भेजी जा चुकी है ताकि छात्र समय रहते तैयारी कर सकें। कविता किसी भी शैली में लिखी जा सकती है। प्रतिभागियों को अपनी रचनाएँ निर्धारित तिथि से पहले जमा करनी होंगी। चुनी गई सर्वश्रेष्ठ कविताओं को मुख्य मंच पर प्रस्तुत किया जाएगा और विजेताओं को सम्मानित किया जाएगा।
BLF 2025: उम्मीदों और संवेदनाओं का महोत्सव
इस उत्सव का उद्देश्य केवल कला या साहित्य का प्रदर्शन नहीं है। यह उन विचारों को जन्म देता है जो समाज को दिशा देते हैं, युवाओं को प्रेरित करते हैं और समय के सवालों का जवाब खोजते हैं। हर संस्करण में यहाँ से एक नई साहित्यिक धारा निकलती है, जो आने वाले समय में संस्कृति और चिंतन को प्रभावित करती है।
जनवरी 2025 में जब यह उत्सव आरंभ होगा, तब भोपाल एक बार फिर उस रचनात्मक ऊर्जा से भर उठेगा जो इसे वर्षों से विशेष बनाती रही है। कविता प्रतियोगिता इसमें वह चिंगारी है जो नई पीढ़ी के भीतर रचनात्मकता की लौ को प्रज्वलित करेगी।
