रेल यात्रियों के लिए अच्छी खबर आई है। भारतीय रेलवे ने यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए भोपाल मंडल से होकर गुजरने वाली हावड़ा–भोपाल–हावड़ा एक्सप्रेस (ट्रेन संख्या 13025/13026) का रांची रोड स्टेशन पर अस्थायी ठहराव बढ़ाने का फैसला किया है। अब यह ट्रेन 31 जनवरी 2026 तक रांची रोड स्टेशन पर रुकेगी।

रेलवे प्रशासन का कहना है कि यह निर्णय यात्रियों की सुविधा और बढ़ती मांग को देखते हुए लिया गया है। यह अस्थायी ठहराव अभी के लिए है, लेकिन यदि यात्रियों की संख्या बढ़ती रही तो भविष्य में इसे स्थायी ठहराव में भी बदला जा सकता है।
रांची रोड स्टेशन को मिला अस्थायी ठहराव, यात्रियों में खुशी की लहर
रांची रोड क्षेत्र और आसपास के इलाकों में रहने वाले लोगों के लिए यह निर्णय किसी वरदान से कम नहीं है। पहले यात्रियों को ट्रेन पकड़ने के लिए या तो बोकारो या हजारीबाग रोड जैसे स्टेशनों तक जाना पड़ता था। अब उन्हें अपने ही नजदीकी स्टेशन से ट्रेन की सुविधा मिल जाएगी।
स्थानीय निवासियों और व्यापारिक संगठनों ने रेलवे के इस निर्णय का स्वागत किया है। उनका कहना है कि इस ठहराव से यात्रियों का समय और खर्च दोनों की बचत होगी, साथ ही क्षेत्र में आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा।
रेलवे का उद्देश्य: यात्रियों की सुविधा और कनेक्टिविटी में सुधार
भारतीय रेलवे पिछले कुछ वर्षों से यात्रियों की सुविधा बढ़ाने और छोटे स्टेशनों को भी मुख्य नेटवर्क से जोड़ने की दिशा में लगातार काम कर रहा है। रांची रोड स्टेशन को हावड़ा–भोपाल–हावड़ा एक्सप्रेस का ठहराव मिलने से न सिर्फ स्थानीय लोगों को राहत मिलेगी बल्कि मध्य प्रदेश और झारखंड के बीच यात्रियों की आवाजाही में भी आसानी होगी।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, यह अस्थायी ठहराव यात्रियों की मांग और स्टेशन पर हो रही यात्री संख्या के आधार पर तय किया गया है। अगर रांची रोड स्टेशन पर पर्याप्त संख्या में यात्री ट्रेन का उपयोग करते हैं, तो इसे स्थायी ठहराव में भी बदलने पर विचार किया जाएगा।
भोपाल–हावड़ा एक्सप्रेस: दो ऐतिहासिक शहरों को जोड़ने वाली अहम कड़ी
हावड़ा–भोपाल–हावड़ा एक्सप्रेस देश के प्रमुख रेल मार्गों में से एक है। यह ट्रेन पश्चिम बंगाल की राजधानी हावड़ा (कोलकाता) से मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल तक चलती है। यह मार्ग देश के पूर्वी और मध्य भाग को जोड़ने में अहम भूमिका निभाता है।
इस ट्रेन के जरिए यात्रियों को हावड़ा, रांची, गया, वाराणसी, इलाहाबाद, जबलपुर, इटारसी और भोपाल जैसे प्रमुख स्टेशनों से जुड़ने की सुविधा मिलती है। इसलिए जब इस ट्रेन का नया ठहराव किसी स्टेशन पर दिया जाता है, तो वह क्षेत्र सीधे देश के बड़े नेटवर्क से जुड़ जाता है।
रेलवे प्रशासन की योजना: अस्थायी ठहराव से स्थायी ठहराव तक
भोपाल मंडल के अधिकारियों ने बताया कि यात्रियों की बढ़ती संख्या को देखते हुए रेलवे ने यह ठहराव बढ़ाने का निर्णय लिया है। पहले यह ठहराव सीमित अवधि के लिए था, लेकिन यात्रियों की सकारात्मक प्रतिक्रिया मिलने के बाद इसे अब जनवरी 2026 तक बढ़ा दिया गया है।
रेलवे का मानना है कि इससे यात्रियों की सुविधा के साथ-साथ स्टेशन की राजस्व आय में भी इजाफा होगा। इसके अलावा स्थानीय बाजार, होटल व्यवसाय और परिवहन सेवाओं को भी लाभ मिलेगा।
यात्रियों की प्रतिक्रियाएं: अब सफर आसान और किफायती
रांची रोड स्टेशन पर ठहराव मिलने से यात्रियों में खुशी की लहर है। कई स्थानीय यात्रियों ने कहा कि अब उन्हें लंबी दूरी तय कर हजारीबाग या बोकारो नहीं जाना पड़ेगा।
भोपाल की रहने वाली एक यात्री सुजाता वर्मा ने बताया,
“अब हमें अपने परिवार के साथ कोलकाता जाना काफी आसान हो गया है। पहले हमें टिकट बुक करने के बाद बोकारो तक बस या टैक्सी से जाना पड़ता था। अब रांची रोड से ही ट्रेन मिल जाएगी।”
एक अन्य यात्री अनिल मिश्रा ने कहा,
“रेलवे ने यात्रियों की मांग को समझते हुए यह निर्णय लिया है। अगर ऐसे फैसले लगातार होते रहें तो छोटे शहरों और कस्बों का विकास तेज़ी से हो सकता है।”
रेलवे की प्राथमिकताएं: यात्रियों की सुरक्षा और समयपालन
रेलवे अधिकारियों ने यह भी बताया कि अस्थायी ठहराव बढ़ाने के साथ-साथ रेलवे ने यात्रियों की सुरक्षा और ट्रेन संचालन की समयबद्धता पर भी ध्यान केंद्रित किया है। स्टेशन पर सुरक्षा गार्डों की संख्या बढ़ाई जाएगी और सीसीटीवी निगरानी व्यवस्था को भी सुदृढ़ किया जाएगा।
इसके अलावा स्टेशन परिसर में साफ-सफाई, पेयजल और बैठने की सुविधाओं को भी बेहतर किया जाएगा ताकि यात्रियों को किसी तरह की असुविधा न हो।
स्टेशन पर विकास कार्यों की भी तैयारी
रांची रोड स्टेशन को ठहराव मिलने के बाद यहां रेलवे द्वारा कई सुधार कार्य भी शुरू किए जा सकते हैं। स्टेशन पर प्लेटफॉर्म की लंबाई बढ़ाई जाएगी ताकि लंबी दूरी की ट्रेनों के लिए पर्याप्त जगह मिल सके।
रेलवे के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि स्टेशन के बाहर पार्किंग सुविधा का विस्तार किया जाएगा और यात्री सूचना प्रणाली को डिजिटल किया जाएगा। साथ ही, यात्रियों की सुरक्षा के लिए रात में बेहतर लाइटिंग की व्यवस्था भी की जाएगी।
क्षेत्र के आर्थिक विकास में मददगार
यह निर्णय सिर्फ यात्रियों के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र के आर्थिक विकास के लिए भी अहम है। रांची रोड क्षेत्र में छोटे व्यापार, होटल और परिवहन सेवाएं बढ़ेंगी। साथ ही, स्टेशन के आसपास की भूमि का मूल्य भी बढ़ सकता है।
रेलवे का अनुमान है कि इस ठहराव से प्रतिदिन लगभग 500–700 अतिरिक्त यात्रियों की आवाजाही बढ़ेगी। इससे स्टेशन के राजस्व में भी 15–20 प्रतिशत की वृद्धि संभव है।
निष्कर्ष: यात्रियों की जीत और रेलवे की दूरदर्शिता
भोपाल–हावड़ा एक्सप्रेस का रांची रोड स्टेशन पर अस्थायी ठहराव बढ़ाना रेलवे की दूरदर्शी नीति का हिस्सा है। यह कदम दिखाता है कि भारतीय रेलवे अब यात्रियों की जरूरतों और सुझावों को गंभीरता से सुन रहा है और उन्हें लागू करने की दिशा में ठोस कदम उठा रहा है।
यदि आने वाले महीनों में यात्रियों की संख्या में वृद्धि होती है, तो यह ठहराव स्थायी रूप से जोड़ा जा सकता है। यह न केवल यात्रियों के लिए बड़ी राहत होगी, बल्कि झारखंड और मध्य प्रदेश के बीच मजबूत रेल कनेक्टिविटी का प्रतीक भी बनेगा।
